बिहारी खाने में तीखापन और लाल रंग दोनों जरूरी हैं। स्वेच्छा की लाल मिर्च में वो कश्मीरी जैसा गहरा लाल रंग है जो सब्जी को देखते ही भूख बढ़ा देता है। यह तेज तीखी है इसलिए थोड़ी सी ही काफी है।
हमारी रोज़ की रसोई में यह क्यों ज़रूरी है?
अच्छी मिर्च पाउडर में नैचुरल रंग और तीखापन दोनों होते हैं। बाजार की कई मिर्च में रंग मिलाया जाता है जो सेहत के लिए खराब है। स्वेच्छा मिर्च बिना रंग की मिलावट के है, इसमें कैप्साइसिन नैचुरल है जो पाचन तेज करता है और सर्दी में शरीर को गर्म रखता है।
निर्जला स्टोर, रामबाग, पूर्णिया से ही क्यों लें?
रामबाग एसबीआई के पास निर्जला स्टोर RCM का असली पिकअप सेंटर है। यहाँ मिर्च पाउडर सीधे कंपनी पैक में आता है, इसलिए नमी और मिलावट से सुरक्षित है। हर 10-12 दिन में नया माल आता है। व्हाट्सएप पर प्री-ऑर्डर कर दीजिए, हम आपका पैकेट निकाल कर रख देंगे।
ख़ासियत क्या है?
- गहरा लाल रंग, बिना कृत्रिम रंग के
- तेज तीखापन, थोड़ी सी में काम हो जाता है
- बारीक पिसी हुई, सब्जी में जल्दी घुलती है
- 100 ग्राम में लगभग 40-50 बार इस्तेमाल
- RCM द्वारा शुद्धता प्रमाणित
कैसे इस्तेमाल करें?
सब्जी, दाल, अचार में आधा चम्मच से शुरू करें, फिर स्वाद अनुसार बढ़ाएं। मिर्च को तेज आंच पर ज्यादा न भूनें, नहीं तो कड़वी हो जाती है। तेल में तड़के के साथ डालने से रंग और निखरता है। हाथ जलन से बचने के लिए चम्मच से ही निकालें।
कैसे ऑर्डर करें? प्री-ऑर्डर + पिकअप
- कार्ट में जोड़ें दबाएं
- नाम मोबाइल लिखें
- व्हाट्सएप पर भेजें, हम पैकेट तैयार रखेंगे
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न: क्या इसमें रंग मिला है?
उत्तर: नहीं, यह नैचुरल लाल मिर्च का रंग है, कोई कृत्रिम रंग नहीं।
प्रश्न: कितनी तीखी है?
उत्तर: मध्यम से तेज तीखी, बिहार के स्वाद के अनुसार।